स्विस आल्पस पर्वत पर रोशनी से दिखाया तिरंगा, कोरोना संकट के खिलाफ दिया ये खास संदेश | indian tricolour projected onto matterhorn in swiss alps in show of coronavirus solidarity and hope | rest-of-world – News in Hindi

0
262

जिनेवा. भारत समेत दुनियाभर के देशों में कोरोना वायरस (Coronavirus) का कहर जारी है. हर देश इस वायरस को फैलने से रोकने के लिए बड़े-बड़े कदम उठा रहा है. कोरोना संकट से निपटने के लिए भारत सरकार के फैसले की दुनिया के कई देश तारीफ भी कर चुके हैं. इस बीच स्विस आल्प्स के मैटरहॉर्न पर्वत पर रोशनी की मदद से भारतीय तिरंगे को दर्शाया गया है. इसके जरिए कोरोना महामारी से जीतने की उम्मीद और जज्बे का संदेश दिया गया है.

जाने-माने स्विस लाइट आर्टिस्ट गेरी हॉफस्टेटर ने 14,690 फीट के पहाड़ को तिरंगे के आकार में रोशनी दी है. भारतीय विदेश सेवा अधिकारी गुरलीन कौर ने इसकी तस्वीर अपने ट्विटर हैंडल से शेयर की है. उन्होंने लिखा, ‘लगभग 800 मीटर ऊंचाई पर तिरंगा. हिमालय से आल्प्स की दोस्ती. शुक्रिया!’

बता दें कि इस पहाड़ पर बीते 24 मार्च से ही कोरोना महामारी के खिलाफ दुनिया की एकजुटता प्रदर्शित करने के लिए हर दिन अलग-अलग देशों के झंडों को दर्शाती रोशनी की जा रही है. बुधवार को इस पहाड़ पर स्विटज़रलैंड, संयुक्त राज्य अमेरिका, यूनाइटेड किंगडम, इटली और स्विस क्षेत्र टिसिनो के झंडों को दर्शाती रोशनी बिखेरी गई थी.

लाइट आर्टिस्ट गेरी हॉफस्टेटर बताते हैं, ‘प्रकाश का मतलब आशा और उम्मीद होता है. ऐसे समय में जब दुनिया कोरोना जैसे संकट का सामना कर रही है. उनके जज्बे को सलाम करने के लिए ऐसा किया गया है, ताकि ये संदेश जाए कि पूरी दुनिया इस महामारी के खिलाफ एकजुटता के साथ लड़ रही है और इस लड़ाई में हम कामयाब होंगे.’

बता दें कि स्विट्जरलैंड में COVID-19 से अब तक 18,000 से अधिक लोग संक्रमित हो चुके हैं. 430 लोगों की जान भी जा चुकी है. इस वायरस के प्रसार को रोकने के लिए सरकार ने स्कूलों, बार, रेस्तरां और गैर जरूरी चीजों की दुकानें बंद कर दी हैं, ताकि सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो सके.

वहीं, दुनियाभर की बात करें तो शुक्रवार को कोरोना के 86,198 नए केस सामने आए, जिसके बाद कुल मामलों की संख्या बढ़कर 22,48,500 से ज्यादा हो गयी है. कल का दिन भी कोरोना (Coronavirus) से हो रही मौतों के हिसाब से खराब साबित हुआ और दुनिया भर में 7382 लोगों ने अपनी जान गंवा दी.

ये भी पढ़ें:  कोरोना से निपटने में तुर्की का ‘लॉकडाउन मॉडल’ दुनिया में सबसे अलग, बंद है भी और नहीं भी

अमेरिका के बाद ब्रिटेन-फ्रांस ने चीन से पूछा- कैसे फैला कोरोना वायरस?



LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here